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विवेकानंद सभागार में आयोजित हुआ सोबन सिंह जीना विश्वविद्यालय का प्रथम दीक्षांत समारोह।

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सोबन सिंह जीना विश्वविद्यालय का प्रथम दीक्षांत समारोह गुरुवार को विवेकानंद सभागार में गरिमामय वातावरण में आयोजित किया गया। समारोह में विश्वविद्यालय के कुलाधिपति एवं माननीय राज्यपाल उत्तराखंड लेफ्टिनेंट जनरल (सेनि.) गुरमीत सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। दीक्षांत समारोह में विभिन्न संकायों के विद्यार्थियों को उपाधियां एवं पदक प्रदान किए गए। माननीय राज्यपाल द्वारा 15 विद्यार्थियों को पदक प्रदान किए गए। विश्वविद्यालय के विभिन्न विषयों में स्नातक, स्नातकोत्तर एवं व्यावसायिक पाठ्यक्रमों के मेधावी विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक प्रदान किए गए, जबकि पांच विद्यार्थियों को प्रायोजित स्मृति स्वर्ण पदकों से सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त विभिन्न विषयों में कुल 48 शोधार्थियों को पीएचडी उपाधि प्रदान की गई। इस अवसर पर माननीय राज्यपाल ने विश्वविद्यालय द्वारा विकसित “विधि सहयोगी ऐप” तथा पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग के शिक्षक डॉ. ललित चंद्र जोशी की पुस्तक “पत्रकारिता : संभावनाएं, भविष्य एवं चुनौतियां” का विमोचन किया। साथ ही पदक प्रायोजकों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। अपने संबोधन...

कुमाऊँनी लोक संस्कृति के रंगों से सजा अंतर-विद्यालयीय युगल नृत्य प्रतियोगिता आयोजित।

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अल्मोड़ा लिटरेचर फेस्टिवल 2026 के तत्वावधान में गुरुवार, 18 जून 2026 को होटल शिखर, अल्मोड़ा में कुमाऊँनी लोकगीतों पर आधारित अंतर-विद्यालयीय युगल नृत्य प्रतियोगिता का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जनपद के विभिन्न विद्यालयों के विद्यार्थियों ने अपनी मनमोहक प्रस्तुतियों के माध्यम से कुमाऊँ की समृद्ध लोक-सांस्कृतिक विरासत को जीवंत कर उपस्थित दर्शकों की भरपूर सराहना प्राप्त की। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि श्री कैलाश शर्मा रहे। इस अवसर पर शिक्षा, साहित्य एवं समाज सेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए श्री अमरनाथ भट्ट, श्री दिनेश पाण्डेय एवं डॉ. जे.सी. दुर्गापाल को सम्मानित किया गया। प्रतियोगिता में ब्लूमिंग बड्स, सब जूनियर एवं सीनियर वर्गों के कुल 68 प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रतिभागियों ने पारंपरिक कुमाऊँनी वेशभूषा एवं लोकधुनों पर आधारित उत्कृष्ट प्रस्तुतियाँ देकर दर्शकों तथा निर्णायक मंडल को मंत्रमुग्ध कर दिया। प्रतियोगिता का मूल्यांकन सुश्री शगुन त्यागी, श्रीमती ममता वाणी एवं श्रीमती लता पाण्डेय द्वारा किया गया। कार्यक्रम में श्रीमती मीता उपाध्याय, श्री गिरीश मल्होत्...

पहाड़ में स्वास्थ्य क्रांति: अब अल्मोड़ा में भी मिलेगा दांतों का 'हाई-टेक' इलाज! 🦷

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  अल्मोड़ा  क्या आप जानते हैं कि अब आपको दांतों की जटिल जांच के लिए हल्द्वानी या बड़े शहरों के चक्कर काटने की जरूरत नहीं है? अल्मोड़ा के बेस अस्पताल ने अपने डेंटल विभाग में सीबीसीटी (CBCT) मशीन इंस्टॉल कर एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। यह सिर्फ एक मशीन नहीं, बल्कि उन लोगों के लिए उम्मीद की नई किरण है जिन्हें अब तक छोटी-छोटी जांचों के लिए भारी खर्चा करना पड़ता था। क्यों खास है यह सुविधा? सटीक निदान: यह मशीन दांतों के अलावा जबड़े और मुंह के अंदरूनी ट्यूमर तक का सटीक पता लगा सकती है। समय और पैसे की बचत: अब आपको इलाज के लिए शहर से बाहर जाने की जरूरत नहीं है। बढ़ती पहुंच: रोजाना अल्मोड़ा, पिथौरागढ़, बागेश्वर और चंपावत से दर्जनों मरीज यहां स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं। आने वाला है एक और बड़ा बदलाव! हमारे डेंटल सर्जन डॉ. अनिल पांडे के अनुसार, अस्पताल में जल्द ही लेजर तकनीक से डेंटल इंप्लांट की सुविधा भी शुरू होने वाली है। यानी अब बिना ज्यादा दर्द के, आधुनिक तकनीक से अपने दांतों का इलाज कराना आसान होगा। पहाड़ के स्वास्थ्य तंत्र में हो रहे ये सुधार वाकई सराहनीय हैं! अगर आप या आपका कोई जानने ...

देवभूमि का वह रहस्यमयी संत: जिसे साक्षात 'अन्नपूर्णा' का वरदान प्राप्त था

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  पदमपुरी धारी नैनीताल  हिमालय की गोद में बसा उत्तराखंड, जिसे देवभूमि कहा जाता है, सदियों से ऋषियों, मुनियों और सिद्ध संतों की तपोस्थली रहा है। इसी दिव्य भूमि के अल्मोड़ा में कोसी और सिरोत नदियों के संगम पर एक ऐसा स्थान है, जहाँ समय की गति थम सी जाती है। यहाँ स्थित है एक प्राचीन शिवालय, और ठीक 300 मीटर की दूरी पर पहाड़ी की ढलान पर बसी है— श्री 108 सोमवारी बाबा की चेतन समाधि। कौन थे सोमवारी बाबा? उनका वास्तविक नाम परमानंद ब्रह्मचारी था। बाल्यावस्था में ही संसार की नश्वरता को समझकर वे घर-बार छोड़कर तीर्थाटन पर निकल पड़े थे। वे बाल ब्रह्मचारी थे और उनकी दिनचर्या प्राचीन ऋषियों के समान थी। शरीर पर केवल एक लंगोट, माथे पर जटाओं का मुकुट और हाथ में चिलम—यही उनकी पहचान थी। लोग उन्हें प्यार से 'सोमवारी महाराज' कहते थे, क्योंकि प्रत्येक सोमवार को उनके आश्रम में विशाल भंडारा होता था। चमत्कार: जब स्वयं 'अन्नपूर्णा' ने दी दस्तक बाबा का नियम अत्यंत कठोर था—उनके आश्रम में स्त्रियों का प्रवेश वर्जित था। लेकिन एक दिन कुछ ऐसा हुआ जिसने सबको हैरान कर दिया। विश्वत संक्रांति के दिन, एक साधा...

खुर्पाताल सड़क हादसा: कालाढूंगी में टूरिस्ट ट्रैवलर खाई में गिरी, रेस्क्यू ऑपरेशन में 21 लोगों की बचाई जान

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नैनीताल: उत्तराखंड के नैनीताल जिले के कालाढूंगी मार्ग पर मंगलवार रात एक दर्दनाक सड़क हादसा पेश आया। खुर्पाताल के पास एक टूरिस्ट फोर्स टेम्पो ट्रैवलर अनियंत्रित होकर गहरी खाई में जा गिरी। इस दुखद घटना में दो महिलाओं की मौत हो गई है, जबकि रेस्क्यू टीम ने 21 घायलों को सुरक्षित बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया है। क्या है पूरी घटना? 17 जून 2026 की रात लगभग 8:08 बजे डायल-112 को सूचना मिली कि कालाढूंगी से करीब 4 किलोमीटर ऊपर खुर्पाताल मार्ग पर एक ट्रैवलर (UP-15 FT-6795) लगभग 20-25 मीटर नीचे खाई में दुर्घटनाग्रस्त हो गई है। वाहन में मेरठ से आए पर्यटक सवार थे। सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। डॉ. मंजुनाथ टी.सी. के निर्देश पर कालाढूंगी कोतवाली पुलिस, SDRF, फायर सर्विस और स्थानीय लोगों की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। संयुक्त रेस्क्यू ऑपरेशन अंधेरी रात और चुनौतीपूर्ण भौगोलिक स्थिति के बावजूद, पुलिस, SDRF और स्थानीय राहगीरों ने संयुक्त रूप से राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। वाहन में कुल 29 लोग सवार थे। कड़ी मशक्कत के बाद सभी को वाहन से बाहर निकाला गया। मौके पर एसपी सिटी हल्द्वानी मनोज कत्य...

CATC शिविर में विवेकानन्द इंटर कॉलेज के कैडेटों ने किया उत्कृष्ट प्रदर्शन

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अल्मोड़ा। 77 यूके बटालियन एनसीसी, अल्मोड़ा द्वारा आयोजित CATC (Combined Annual Training Camp) का समापन समारोह गरिमामय वातावरण में सम्पन्न हुआ। समापन अवसर पर ग्रुप कमांडर कमोडोर रुचि रंजन तथा बटालियन कमांडिंग ऑफिसर कर्नल जितेन्द्र शर्मा मुख्य रूप से उपस्थित रहे। शिविर के दौरान कैडेटों के सर्वांगीण विकास हेतु खो-खो, पेंटिंग, डिबेट, राइटिंग प्रतियोगिता, ग्रुप डांस, सोलो डांस तथा बेस्ट कैडेट सहित विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। इन प्रतियोगिताओं में विवेकानन्द इंटर कॉलेज, रानीधारा, अल्मोड़ा के कैडेटों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए कई प्रतियोगिताओं में प्रथम स्थान प्राप्त कर विद्यालय एवं क्षेत्र का नाम गौरवान्वित किया। कैडेटों की इस उपलब्धि से विद्यालय परिवार में हर्ष का माहौल है। विद्यालय के प्रधानाचार्य, एएनओ तथा समस्त शिक्षकों ने विजेता कैडेटों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस अवसर पर अधिकारियों ने कैडेटों को अनुशासन, नेतृत्व तथा राष्ट्रसेवा की भावना को जीवन में अपनाने के लिए प्रेरित किया।

नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति, अल्मोड़ा के तत्वाधान में हिन्दी‍ कार्यशाला आयोजित

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नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति, अल्मोड़ा के तत्वाधान में हिन्दी‍ कार्यशाला आयोजित भाकृअनुप-विवेकानन्द पर्वतीय कृषि अनुसंधान संस्थान, अल्मोड़ा में दिनांक 17 जून 2026 को नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति (नराकास), अल्मोड़ा के तत्वाधान में ऑनलाइन हिंदी कार्यशाला का आयोजन संस्थान के निदेशक तथा नराकास के अध्यक्ष डॉ. लक्ष्मी कान्त के निर्देशानुसार किया गया। कार्यशाला के आरम्भ में सदस्य सचिव नराकास एवं संस्थान की प्रभारी राजभाषा अधिकारी श्रीमती रेनू सनवाल ने संस्था‍न के निदेशक डॉ. लक्ष्मी कान्त को इस प्रकार की ऑनलाइन कार्यशाला के आयोजन हेतु सुझावित करने के लिए धन्यवाद देते हुए सभी सदस्य कार्यालयों के प्रमुखों एवं राजभाषा अधिकारियों का स्वागत किया। इस कार्यशाला में वक्ता के रूप में सीमान्त मुख्यालय भारत – तिब्बत सीमा पुलिस, अल्मोड़ा की राजभाषा अधिकारी एवं सहायक कमांडेंट श्रीमती आशा के. उपस्थित रही। श्रीमती आशा के. ने अध्यक्ष नराकास एवं सदस्य‍ सचिव नराकास का आभार व्‍यक्‍त करते हुए अपना व्याख्यान प्रस्तुूतिकरण के माध्य‍म से दर्शाया। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार द्वारा हिन्दी के प्रचार-प्रसार एवं वि...

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