• Sun. Mar 22nd, 2026

    अल्मोड़ा जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान में पांच दिवसीय मूल्य आधारित शिक्षा कार्यशाला सम्पन्न

    अल्मोड़ा जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान में नई शिक्षा नीति के अंतर्गत पांच दिवसीय मूल्य आधारित शिक्षा से संबंधित कार्यशाला का समापन डाइट के प्राचार्य जी जी गोस्वामी द्वारा किया गया। इस अवसर पर शिक्षकों को संबोधित करते हुए गोस्वामी ने कहा कि आज के समाज में मूल्यों की आवश्यकता है शिक्षक मूल्यों को छात्रों तक ले जाने में अपनी अहम भूमिका निभा सकते हैं।

    कार्यक्रम गोपाल सिंह गैड़ा ने कहा कि नई शिक्षा नीति के अंतर्गत शिक्षकों को छात्रों में सृजनात्मकता, सहयोग, आपसी भाईचारा, पर्यावरण के प्रति सजगता, शांति के लिए शिक्षा, प्रेम , करूणा, अहिंसा, साहस, समानता, बंधुत्व की भावना ,प्रेरणा ,सकारात्मक सोच, आत्मानुशासन ,उत्तरदायित्व की भावना ,संवेदनशीलता ,स्वच्छता, कर्तव्यों के प्रति जागरूकता आदि गुणों का विकास करना है।

    कार्यशाला को संबोधित करते हुए डॉ दीपा जलाल ने कहा कि छात्रों को एक उत्तरदायी नागरिक बनाने के लिए प्रशिक्षित किया जाना चाहिए। डॉक्टर दीपा ने कहा कि भारतीय संविधान की धारा 51क में दिए गए मूल कर्तव्यों के प्रति शिक्षकोंपांच दिवसीय मूल्य आधारित शिक्षा और छात्रों को आत्मसात करने की आवश्यकता है। इस अवसर पर डां प्रवेश जोशी ने आत्मानुशासन पर विशेष जोर दिया, कृपाल शीला ने पर्यावरण के प्रति सजग रहने की आवश्यकता की बात रखी, डॉक्टर कैलाश डोलिया ने परंपरागत मूल्यों पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता की बात कही।

    इस कार्यशाला में डाइट के डॉक्टर भुवनचंद पाण्डेय,प्रकाश पंत, ललित मोहन पांडे, , डॉ चंपा बिष्ट , डां पवनेश ठकुराठी,पूरन चंद पांडे, ललित आर्य , प्रेमा गढ़कोटी, नागेन्द्र चौहान, अमरनाथ भोज आदि शिक्षकों द्वारा विचार व्यक्त किये गये। कार्यशाला का संचालन डॉक्टर दीपा जलाल द्वारा किया गया।

    By swati tewari

    working in digital media since 5 year

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *