अल्मोड़ा जिला अस्पताल में होने लगे जटिल ऑपरेशन।
अल्मोड़ा – कॉलऑरल साइनस बच्चों में होने वाली सिर और गले की जन्मजात विक्षतियों में ब्रोन्कियल क्लेफ्ट की विसंगतियाँ द्वितीय स्थान पर आती है; इसमें भी फर्स्ट ब्रोन्कियल क्लेफ्ट की विसंगतियों का मिलने का प्रतिशत 5% से भी कम होता है और इसमें भी कॉलऑरल साइनस दुर्लभतम रूप से देखने को मिलता है I यह मरीज़ में जन्मजात होता हैI इसमें मरीज़ के कान के पीछे की तरफ़ एक छिद्र सा होता है, जिसमें से तार के जैसा तरल या सफ़ेद लस-लसा द्रव या संक्रमण हो जाने की स्थिति में मवाद आने की समस्या होती हैI कुछ स्थितियों में मरीज के कान के परदे या कान के अंदर की त्वचा में भी छिद्र पाया जाता हैं I इसके इलाज है तो मरीज़ जब भी किसी चिकित्सक के पास जाते हैं तो कई बार अधिकतर चिकित्सक बार-बार चीरा लगाकर मवाद निकाल देते हैं; परंतु उसके पश्चात भी किसी भी तरह का आपेक्षित सुधार नहीं होने पाता हैI जिला अस्पताल अल्मोड़ा में पूजा 30 वर्षीय, महिला, अल्मोड़ा निवासी जन्म से ही कान के पीछे के पीछे के छिद्र से पानी, तार जैसा लसलसा द्रव एवं संक्रमण हो जाने पर मवाद आने की समस्या से कई वर्षों से परेशान थी एवं बचपन से लेकर अभी तक मवाद के इलाज़ हेतु कई बार चिकित्सकों से चीरा भी लगवा चुकी थी I
जंगल गई महिला को जंगली जानवर उठा ले गया, 4 किमी अंदर मिला अधखाया शव...
शिक्षा संकाय में 'युवा पीढ़ी, परिवार एवं विश्वशांति' विषय पर एकदिवसीय संगोष्ठी का आयोजन......
रेट्रो साइलेंसर से नगर में दहशत फैलाने वालों पर कड़ी कार्रवाई, 04 बाइक सीज.....
Uttarakhand धामी सरकार में इन नेताओं को मिले दायित्व.....
Almora अल्मोड़ा: सुकना-पभ्या सड़क निर्माण में देरी पर फूटा ग्रामीणों का गुस्सा, जिलाधिकारी जी को…
Uttarakhand एकतरफा प्यार के चलते युवक ने खुद को मारी गोली.....