अल्मोड़ा। सोबन सिंह जीना यूनिवर्सिटी अल्मोड़ा में आज दो दिवसीय राष्ट्रीय सेमिनार का शुभारंभ हो गया। भारत के स्वाधीनता संग्राम में उत्तराखंड का योगदान विषय पर आयोजित इस सेमिनार में पहले दिन दो सत्र आयोजित किये गए। जिसमें उत्तराखंड समेत दिल्ली,मेरठ , लखनऊ बरेली समेत कई राज्यों के शोधार्थियों ने प्रतिभाग किया। इस सेमिनार का मकसद उत्तराखंड के अज्ञात और अल्पज्ञात स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों को लेकर शोध करने पर जोर देना है। सेमिनार के उद्घाटन सत्र की अध्यक्षता नगर पालिका अध्यक्ष पीसी जोशी और कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पद्मश्री डॉ ललित पांडेय रहे। सेमिनार के संयोजक प्रो बीडीएस नेगी ने स्वागत भाषण एवं सभी अतिथियों का परिचय दिया। एवं इसके उपरांत विभाग द्वारा प्रकाशित स्मारिका का विमोचन किया गया तथा विभिन्न स्वन्त्रता संग्राम सेनानियों के परिजनों को सम्मानित भी किया गया। इस दौरान स्वंत्रतता के विषय मे भारतीय विचारधारा तथा इतिहास लेखन की परंपराओं के आधार पक्ष का मूल्यांकन किया। मुख्य अतिथि पदम्श्री ललित पांडेय ने उत्तराखंड के भारत की स्वाधीनता संग्राम में योगदान तथा विभिन्न स्वाधीनता सेनानियों के विषय मे अपने विचार व्यक्त किये। कार्यक्रम के अध्यक्ष पीसी जोशी द्वारा समाज के विभिन्न वर्गों के योगदान का उल्लेख किया गया। कार्यक्रम के अंत मे डॉ गोकुल दियोपा द्वारा धन्यवाद ज्ञापन किया गया। इसके बाद द्वितीय सत्र में विद्वानों, प्रोफ़ेसरों द्वारा शोध पत्र पड़े गए। कार्यक्रम के दौरान परिसर की अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो. इला साह, प्रो. नीरज तिवारी, प्रो. जीवन रावत, प्रो. हामिद अंसारी, प्रो. अधिकारी, प्रो.जया उप्रेती, डॉ रवि कुमार जी, डॉ योगेश मैनाली, डॉ प्रेमा खाती, डॉ लक्ष्मी वर्मा, डॉ शालिनी पाठक, चंदन जीना, जीवन भट्ट, पूजा, माला, शोधार्थी आशीष पंत, मयंक पंत आदि मौजूद रहे।
सम्मानित नाम जो स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के परिजनों को सम्मानित किया कमलेश पांड़े तारा चंद्र शाह शिवेंद्र गोस्वामी श्रीमति राधा तिवारी शिव शंकर बोरा नंदन सिंह कार्की वसुधा पंत कैलाश बर्मा,विनोद जोशी बद्री दत्त पांड़े के पौत्र कर्नल रवि पांडे पुष्कर प्रसाद पांड़े देवेंद्र सनवाल स्वतंत्रता संग्राम के प्रतिनिधि के रूप में राजेश बिष्ट शक्ति अखबार का स्वतंत्रता आंदोलन में योगदान के लिए एसएस कपकोटी को सम्मानित किया।
