ऊधमसिंहनगर के एक व्यवसायी के ट्रक समेत उसमें लदे 250 टायर चोरी करने वाले तीन अभियुक्तों को यूएस नगर पुलिस ने यूपी से गिरफ्तार किया। एक करोड़ की इस चोरी का पर्दाफाश करने के लिए चार राज्यों के आठ सौ से अधिक सीसीटीवी खंगाले गए।
पुलिस के मुताबिक, व्यवसायी के प्रतिष्ठान में एक आरोपी ने नाम बदलकर तीन माह ड्राइवर की नौकरी की थी। मौका पाकर वह अपने साथियों समेत ट्रक और इसमें लदे 250 टायरों को डिलीवरी के दौरान ले उड़ा। आठ राज्यों में आरोपियों की तलाश के बाद एसओजी और पुलिस टीम ने आरोपियों को जोया मुरादाबाद से गिरफ्तार कर लिया। उनके कब्जे से चोरी किया गया ट्रक और 248 टायर बरामद किए हैं। चोरी किए टायरों की कीमत करीब 60 लाख रुपये और साथ में दस टायरा ट्रक मिलाकर करीब एक करोड़ रुपये का झटका देने की कोशिश की बात कही गई है। आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
शनिवार को कोतवाली में एसएसपी मंजूनाथ टीसी ने मामले का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि बीती छह मार्च को एलायंस कॉलोनी निवासी टायर व्यवसायी हरीश मुंजाल ने पुलिस को तहरीर दी। इसमें मुंजाल ने बताया कि वह अन्य राज्यों में टायरों की सप्लाई का व्यवसाय करते हैं। तीन माह पहले मैनाठेर मुरादाबाद निवासी एक व्यक्ति अब्दुल मुतलीब नाम से उनके प्रतिष्ठान में नौकरी के लिए आया था। उसे ट्रक ड्राइवर की नौकरी दे दी गई। इस घटना से पहले वह कई बार माल लेकर गया था। मुंजाल ने बताया कि बीती 23 फरवरी को ट्रक चालक अब्दुल और क्लीनर शाने आलम को ट्रक यूके 06 सीबी 7486 में लदे 250 टायरों को लेकर रुद्रपुर से झारखंड डिलीवरी के लिए भेजा था। इस दौरान दोनों आरोपी ट्रक लेकर फरार हो गए। ट्रक के झारखंड नहीं पहुंचन जानकारी मिलते ही हरीश मुंजाल ने पुलिस को सूचना दी। एसएसपी ने बताया कि मामले की जानकारी मिलने पर पुलिस और एसओजी की टीम ने झारखंड, यूपी, पश्चिम बंगाल समेत आठ राज्यों में आरोपियों की तलाश शुरू की। एक माह की मशक्कत के बाद तीन आरोपियों को जोया यूपी से गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 248 टायर और ट्रक को बरामद कर लिया।
रुद्रपुर एसएसपी ने बताया कि टायर लदे ट्रक को चोरी करने की घटना का पर्दाफाश करने के लिए आठ राज्यों के आठ सौ से अधिक सीसीटीवी कैमरे खंगाले गए। इसके साथ ही आरोपियों के मोबाइल नंबर को समय-समय पर सर्विलांस पर लगाया जा रहा था। साथ ही एसओजी और पुलिस की पांच टीमें अलग-अलग राज्यों में पहुंचकर आरोपियों की तलाश कर रही थीं।
पुलिस के मुताबिक, आरोपी ट्रक ड्राइवर अमीर आलम नाम बदलकर तीन माह से हरीश मुंजाल के प्रतिष्ठान में ट्रक ड्राइवर की नौकरी कर रहा था। चोरी की घटना में ट्रक ड्राइवर विभिन्न राज्यों से होते हुए टायरों को यूपी के जोया में लेकर आया। वहीं ट्रक क्लीनर शाने आलम ने पुलिस को गुमराह करने का काम किया था। इस दौरान उसने ट्रक में लगे जीपीएस को हटाने और ट्रक की नंबर प्लेट को बदलने को अंजाम दिया था। वहीं तीसरे आरोपी तसव्वुर ने लदे टायरों और ट्रक को अपने जोया स्थित गोदाम में छिपाया था।
This post was published on 09/04/2023 10:19 AM