उत्तराखंड। उत्तराखंड सरकार ने पर्वतीय जिलों में मुर्गी पालन करने वाले पशुपालकों को बड़ी राहत दी है। बुधवार को हुई कैबिनेट बैठक में यह फैसला लिया गया कि पहाड़ों में मुर्गी पालकों को कुक्कुट फीड यानी मुर्गियों के चारे पर 10 रुपये प्रति किलो की सब्सिडी दी जाएगी। यह लाभ राज्य के नौ पर्वतीय जिलों तक सीमित रहेगा।
महानिदेशक सूचना बंशीधर तिवारी ने बताया कि राज्य में पोल्ट्री मीट और अंडों की कमी को दूर करने के साथ-साथ स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए सरकार लगातार कुक्कुट विकास की योजनाएं चला रही है। इनमें ब्रायलर फार्म योजना और कुक्कुट वैली स्थापना योजना प्रमुख हैं, जो राज्य सेक्टर के तहत संचालित की जा रही हैं। कुक्कुट पालकों ने सरकार के समक्ष यह समस्या रखी थी कि मैदानी इलाकों की तुलना में पहाड़ों में फीड की कीमत काफी अधिक है। परिवहन लागत और आपूर्ति की दिक्कतों के कारण यह अंतर और बढ़ जाता है। इस वजह से उत्पादन लागत बढ़ने पर उन्हें बाजार में उचित मूल्य नहीं मिल पाता और आय प्रभावित होती है।
सरकार के इस फैसले से उम्मीद है कि मुर्गी पालकों की लागत में कमी आएगी और पोल्ट्री उद्योग को नई दिशा मिलेगी। साथ ही, राज्य में पोल्ट्री मीट और अंडों की उपलब्धता भी बढ़ेगी।
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