शिक्षा स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी से जूझ रहा भैंसियाछाना विकास खंड, क्षेत्रीय जनता में रोष
अस्पताल नहीं बना तो होगा आंदोलन
भैंसियाछाना विकास खंड के अंतर्गत कनालीछीना अस्पताल भवन का निर्माण कार्य पिछले डेढ़ साल से ठप रहने से क्षेत्रीय जनता में रोष व्याप्त है। स्थानीय लोगों ने इस संबंध में जिलाधिकारी को ज्ञापन भेजकर अस्पताल भवन का शीघ्र निर्माण कराने की मांग की है। रीठागाड़ी संघर्ष समिति और स्थानीय लोगों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन भेजकर अवगत कराया कि कनालीछीना अस्पताल भवन का निर्माण कार्य शुरू होने के बाद क्षेत्रीय जनता को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा मिलने की उम्मीद थी। लाखों रुपए खर्च कर अस्पताल भवन का कार्य तो शुरू कर दिया गया। लेकिन, पिछले डेढ़ साल से निर्माण कार्य ठप है। ज्ञापन में चेतावनी दी है कि यदि अस्पताल भवन का निर्माणकार्य शीघ्र शुरू नहीं किया गया तो क्षेत्रीय जनता आंदोलन छेड़ने को बाध्य होगी। ज्ञापन भेजने वालों में संघर्ष समिति के अध्यक्ष प्रताप सिंह नेगी, नारायण दत्त भट्ट, गोपाल सिंह रावल, दयाल जोशी, उमेश भट्ट, मनोज सिंह, पंकज पांडे आदि शामिल हैं।
टीचर न होने से भविष्य खतरे में
भैंसियाछाना विकास खंड के जीआईसी खाटवे शिक्षकों की कमी से जूझ रहा है। इससे शिक्षण कार्य प्रभावित हो रहा है। शिक्षकों की कमी से नौनिहालों का भविष्य खतरे में है। मंगलवार को क्षेत्र पंचायत सदस्य नवीन दुर्गापाल ने सीईओ को ज्ञापन देकर विद्यालय में नए शिक्षक तैनात करने की मांग की। उन्होंने कहा पूर्व में शिक्षकों के रिक्त पद भरने के लिए नौ दिन तक ग्रामीणों ने धरना, प्रदर्शन किया। शासन प्रशासन की ओर आश्वासन देने पर धरना प्रदर्शन स्थगित किया गया था, लेकिन आज तक विद्यालय में रिक्त पदों पर शिक्षकों की नियुक्ति नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि विद्यालय में भौतिक विज्ञान, अंग्रेजी, अर्थशास्त्र, भूगोल, समाजिक विज्ञान के शिक्षक नहीं है। मुख्य विषयों के शिक्षक नहीं होने से विद्यार्थियों का भविष्य खतरे में है।उन्होंने शीघ्र नए शिक्षकों की तैनाती नहीं होने पर विद्यालय में तालाबंदी की चेतावनी दी है।
