भगवान श्री रामकृष्ण के 191वी पावन जयंती पर विशेष पूजा हुई
रामकृष्ण कुटीर,अल्मोड़ा में भगवान श्री रामकृष्ण के 191वी पावन जयंती अवसर पर विशेष पूजा हुई। कुटीर में प्रातः साढ़े 6 बजे से ही मंगल आरती, वैदिक मंत्रोच्चार और भजन, पूजा, हवन, भोग आरती और पुष्पांजलि, प्रसाद वितरण हुआ।
कुटीर के नित्य विदानंद ने पूजा सम्पन्न कराई। देर सायं तक 500 से अधिक भगतों को प्रसाद/भंडारा वितरण किया गया।
पावन दिन की प्रातः बेला पर साधुजनों ने मंगल आरती और वैदिक मंत्रोच्चार किया गया उसके बाद होम के साथ ही भक्तजनों ने पुष्पांजलि दी। राजकीय शिशु सदन के बच्चों,नारी निकेतन,किशोर बाल गृह के बच्चों ने मनमोहक भजन प्रस्तुत किये। शारदा मठ की तरफ से ऊनी कपड़ों तथा रामकृष्ण कुटीर के स्वर पुस्तकों का स्टॉल लगाया गया था। कार्यक्रम में देश के कई हिस्सों से साधुजन तथा भक्तजनों ने प्रतिभाग किया।दोपहर में भंडारे का आयोजन किया गया जिसमें सैकड़ों भक्तजनों ने प्रसाद ग्रहण किया।

आगंतुक नागरिकों का अभिनंदन किया आश्रम अध्यक्ष स्वामी ध्रुवेशानंद जी महाराज ने। अपने संदेश में उन्होंने कहा कि रामकृष्ण देव का जीवन संदेश ईश्वर के प्रति हम सबको अग्रसर करने में सर्व उपयोगी है।ठाकुर जी का भावपूर्ण जीवन ओर विचार हम सबको जानना,समझना चाहिए।भौतिकता और प्रतिस्पर्धा के इस जीवन में ठाकुर हम निर्देशित और प्रेरित करते हैं। आज जब दुनिया भौतिकता की ओर यंत्रवत आकर्षित हो रही है तब रामकृष्ण परमहंस का करुणा,प्रेम,मानव सेवा का भाव ज्यादा प्रासंगिक हो जाता है। कुटीर के अध्यक्ष स्वामी ध्रुवेशानंद महाराज के संयोजन में स्वामी हरिश्वरानंद, स्वामी मायाधीशानंद, अर्पण महाराज, राजू महाराज, अमन कुमार चिदानन्द स्वामी (अध्यक्ष, रामकृष्ण धाम), नीरज भट्ट, डॉ चंद्रप्रकाश फुलोरिया (संयोजक, स्वामी विवेकानन्द-महात्मा गांधी आध्यात्मिक पर्यटन परिपथ अध्ययन केंद्र) और सह संयोजक डॉ ललित जोशी, समाजसेवी धर्म सिंह बिष्ट, प्रतुल, किशोर तिवारी, अधिवक्ता जी सी गुप्ता, विनोद साह, दीवान बिष्ट के साथ कुटीर के संत, श्रद्धालु उपस्थित रहे।

