परियोजना निदेशक जिला ग्राम विकास अभिकरण पुष्पेन्द्र सिंह ने बताया कि राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन National Rural Livelihood Mission में जुड़ने से पूर्व ग्राम पंचायत दौलीगाड, पो0 दन्या, विकासखण्ड धौलादेवी की पुष्पा, पत्नी सुभाष कुमार बॉस की टोकरी बनाने का काम करती थी।
इससे इनकी आय कम होती थी। और भरण पोषण आसानी से नहीं हो पा रहा था। ये अपनी आय बढ़ाने के लिए बॉस से निर्मित सामान का उत्पादन और अधिक बढ़ाना चाहती थी।
उन्होंने बताया कि ये राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन योजना National Rural Livelihood Mission में वित्तीय वर्ष 2021-22 में विकासखण्ड धौलादेवी में जुड़ी। एनआरएलएम में जुड़ने के बाद इन्हें विभिन्न विभागों द्वारा संचालित योजनाओं के बारे में जानकारी दी गयी। इन्हें बताया गया कि एनआरएलएम योजनान्तर्गत सीसीएल व सीआईएफ के माध्यम से ऋण लेकर अपनी आय व कार्य को बढ़ा सकती है। इन्हें मनरेगा के माध्यम से रिंगाल व बॉस के पौधे उपलब्ध कराये गये तथा एसबीआई आरसेटी (ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान) के माध्यम से गॉव में बॉस व रिंगाल से अन्य समान बनाने का प्रशिक्षण दिया गया। इसके बाद इनका 06 माह बाद अल्मोड़ा जिला सहकारी बैंक दन्या में एक लाख रू0 का सीसीएल ऋण कराया गया।
उन्होंने बताया कि वर्तमान समय में इनके द्वारा बॉस व रिंगाल से निर्मित हॉटकेस, पेनपॉट, फ्लावर पॉट, मन्दिर, कुर्सी, टेबल व अन्य सजावट का सामान बनाया जा रहा है व इनके द्वारा दौलीगाड़ में ही एक दुकान खोली गयी जिसमें समान विक्रय किया जाता है। इनके द्वारा सीजन में एक माह में लगभग 15000 तक आय अर्जित की जा रही है। सैलानियों को इनके उत्पाद काफी पसन्द आ रहे है।
