उत्तराखंड के शिक्षकों के लिए बड़ी खुशखबरी। शिक्षकों को अब यात्रा और 15 दिन का पितृत्व अवकाश मिल सकेगा। राजकीय शिक्षक संघ की लंबित मांगों को लेकर शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत की अध्यक्षता में हुई बैठक में इस पर सहमति बनी है। इसके साथ ही कई बड़े मुद्दों पर चर्चा हुई है।
शिक्षा निदेशालय में हुई बैठक में राजकीय शिक्षक संघ ने कई मुद्दें रखें। बैठक में निर्णय लिया गया है कि अब हर 3 महीने में प्रांतीय कार्यकारिणी की विभाग के साथ बैठक होगी इसके अलावा अंतर मंडलीय तबादले वन टाइम सेटेलमेंट के आधार पर किए जाएंगे वेतन विसंगति को भी दूर किया जाएगा।
शिक्षकों ने कई अन्य मांगों को भी उठाया
• मासिक परीक्षा हर माह न करवाकर दो परीक्षाएं अर्द्धवार्षिक परीक्षा से पहले एवं दो परीक्षाएं वार्षिक परीक्षा से पहले करवाई जाए
• महिला शिक्षिकाओं को पहले की तरह सीसीएल का लाभ दिया जाए।
• हर स्कूल में द्वितीय राजभाषा संस्कृत का पद (सअ) स्वीकृत किया जाए एवं हाईस्कूल स्तर पर मुख्य विषय के रूप में शामिल किया जाए
• प्रधानाचार्य के पदों पर शत-प्रतिशत पदोन्नति की जाए।
•छात्र संख्या के अनुसार हर विद्यालय में पदों का सृजन किया जाए।
• तदर्थ शिक्षकों का निरंतर 10 वर्ष की संतोषजनक सेवा पर पहले की तरह चयन वेतनमान स्वीकृत किया जाए
•1990 से 1993 तक नियुक्त तदर्थ शिक्षकों की सेवा को जोड़ते हुए ग्रेच्युटी का लाभ दिया जाए
