• Thu. Mar 5th, 2026

    İnternet üzerinden eğlence arayanlar için bahsegel giriş deneyimi vazgeçilmezdir.

    paysafecard casinoer online casinos zimpler casinos online deposito paypal dkk online casinoer polskie kasyna online kasyno polska online casino mit visa einzahlen neteller casino deposit casino paypal dobre kasyna internetowe nowe casino online polskie kasyno online opinie mobile online casino bonus ohne einzahlung online magyar kaszinó online casinos neteller casinos that accept ecopayz amazon pay casino seriöse online casinos echtgeld best casino online in canada amazon pay casino best casino app casino neosurf új magyar online casino casinos online com transferencia bancaria kasyna online casino zimpler bezahlen kaszinó gyors kifizetéseket mifinity casino neosurf casinos canada casino online top melhores casinos portugal casinos online com transferencia bancaria ezeewallet casino polskie kasyno online 2025 casino online paypal mastercard casino online visa card casino mobil casino kasyno bez kyc kasyna internetowe opinie bedste bankoverførsel casino best casino that accepts muchbetter casino online com skrill binance online casino casino einzahlung mit visa casino paysafe uj online casino bitcoin online casino fast payout online casino online casino ohne österreichische lizenz betrugstest pay with phone bill casino best casino sites

    İnternet üzerinden eğlence arayanlar için bahsegel giriş deneyimi vazgeçilmezdir.

    Papmochani Ekadashi 2024:जानिए इसका महत्व, तिथि और व्रत कथा

    Papmochani Ekadashi 2024:जानिए इसका महत्व, तिथि और व्रत कथा

     इस साल अप्रैल महीने में एकादशी तिथि 4 अप्रैल 2024 को शाम 4:16 बजे शुरू होगी और 5 अप्रैल 2024 को दोपहर 1:28 बजे समाप्त होगी। जानकारी के मुताबिक अप्रैल 2024 में एकादशी तिथि उदया तिथि पर नजर डालें तो यह स्पष्ट है कि यह पापमोचनी एकादशी 5 अप्रैल 2024 को पड़ने वाली है।

    Papmochani Ekadashi 2024 पापमोचनी एकादशी तिथि 

    शास्त्रों में बताया गया है कि एकादशी तिथि भगवान विष्णु को अत्यंत प्रिय है। यदि आप शांत और पवित्र मन से एकादशी का व्रत करते हैं तो आपको सभी प्रकार के पापों से मुक्ति मिल जाती है। बताया गया है कि इस दिन, अप्रैल 2024 की एकादशी, जिसे हम पापमोचनी एकादशी कहते हैं, इस दिन भगवान विष्णु की विधि-विधान से पूजा करने से अपार सुख की प्राप्ति होती है और सभी प्रकार के पाप नष्ट हो जाते हैं। 

    पापमोचिनी एकादशी व्रत कथा
    एक बार युधिष्ठिर ने भगवान श्रीकृष्ण से चैत्र कृष्ण एकादशी के बारे में बताने को कहा. इस पर भगवान श्रीकृष्ण ने कहा कि चैत्र कृष्ण एकादशी को पापमोचिनी एकादशी के नाम से जानते हैं. जो व्यक्ति इस व्रत को करता है, उसके सभी पाप मिट जाते हैं. एक बार ब्रह्म देव ने नारद मुनि को पापमोचिनी एकादशी की महिमा बताई थी, वह तुम से कहता हूं.

    पापमोचिनी एकादशी की कथा के अनुसार, एक चित्ररथ नाम का वन था. उसमें देवराज इंद्र अन्य देवों और गंधर्व कन्याओं के साथ विहार करते थे. एक बार मेधावी ऋषि उस वन में तपस्या कर रहे थे. वे भगवान भोलेनाथ के भक्त थे. एक बार कामदेव ने मंजुघोषा नामक अप्सरा को उनकी तपस्या भंग करने के लिए भेजा.

    मंजुघोषा के रूप और सौंदर्य को देखकर मेधावी ऋषि अपने मार्ग से विचलित हो गए और उनकी तपस्या भंग हो गई. वे उसके साथ रति क्रीडा करने लगे. देखते ही देखते 57 साल बीत गए. एक दिन मंजुघोषा ने मेधावी ऋषि से वापस देव लोक जाने की अनुमति मांगी. अचानक उनको आत्मबोध हुआ और उन्होंने मंजुघोषा को तपस्या भंग करने और मार्ग से विचलित करने का दोषी माना और उसे पिशाचनी होने का श्राप दे दिया।

    उस श्राप को सुनकर मंजुघोषा डर गई और उनसे श्राप से मुक्ति का उपाय पूछा. तब ऋषि ने उसे चैत्र कृष्ण एकादशी का व्रत रखने को कहा, जिससे उसे पापों से मुक्ति मिल जाएगी. उसके बाद मेधावी ऋषि अवने पिता के पास चले गए. जब पिता को अपने बेटे के दिए श्राप के बारे में पता चला तो उन्होंने उनको भी पापमोचिनी एकादशी का व्रत रखने को कहा।

    मंजुघोष ने विधि विधान से पापमोचिनी एकादशी का व्रत रखकर भगवान विष्णु की पूजा की. उस व्रत के पुण्य प्रभाव से वह पाप मुक्त हो गई और वापस स्वर्ग चली गई.

    ब्रह्म देव ने नारद जी से कहा कि जो भी व्यक्ति पापमोचिनी एकादशी का व्रत विधिपूर्वक करेगा, वह पापों से मुक्त हो जाएगा. साथ ही जो व्यक्ति पापमोचिनी एकादशी की व्रत कथा सुनता है, उसके कष्ट और संकट मिट जाते हैं।

    By swati tewari

    working in digital media since 5 year

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *