अफगानिस्तान में भूकंप से जनजीवन अस्त व्यस्त हो चुका है। कई लोग अपनी जान गवां चुके हैं। वहीं हजारों की तादाद में लोग घायल है।
तालिबान प्रशासन ने रविवार को कहा कि अफगानिस्तान में शक्तिशाली भूकंपों में 2,000 से अधिक लोग मारे गए हैं और 9,000 से अधिक घायल हुए हैं, जो भूकंप-प्रवण देश में वर्षों में सबसे घातक झटके हैं। बचावकर्मी जमीन पर गिरे गांवों के खंडहरों के बीच जीवित बचे लोगों की तलाश कर रहे है ।
जानकारी अनुसार अफगानिस्तान के पश्चिम में शक्तिशाली भूकंप में लगभग 2053 लोग मारे गए हैं। पश्चिमी अफगानिस्तान में ईरानी सीमा के पास आए इस शक्तिशाली भूकंप की वजह से 9,240 लोग घायल हुए हैं। जबकि भूकंप से 1,328 घर तबाह हो गए हैं। रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 6.3 मापी गई है।

शनिवार को आए 6.3 तीव्रता के भूकंप – जिसके बाद आठ तीव्र झटके आए। भूकंप ने हेरात शहर से लगभग 40 किमी (25 मील) दूर कई गांवों को तबाह कर दिया है। कई इमारतें क्षतिग्रस्त हो गईं हैं और लोग अभी भी मलबे के ढेर में फंसे हुए हैं। लोगों द्वारा कम से कम तीन शक्तिशाली झटके महसूस किए गए।
ये भूकंप एक साल में दुनिया के सबसे घातक भूकंपों में से एक है, जब फरवरी में तुर्की और सीरिया में भूकंप के झटकों से अनुमानित 50,000 लोग मारे गए थे।
