संसाधनों के उचित एवं समेकित प्रबंधन से ही सतत विकास की अवधारणा को फलीभूत किया जा सकता है-प्रो० सुनील नौटियाल
गोविंद बल्लभ पंत राष्ट्रीय हिमालय पर्यावरण संस्थान के स्थानीय इकाई गढ़वाल रीजनल सेंटर के तत्वावधान में रुद्रप्रयाग जिले के अगस्त…
गोविंद बल्लभ पंत राष्ट्रीय हिमालय पर्यावरण संस्थान के स्थानीय इकाई गढ़वाल रीजनल सेंटर के तत्वावधान में रुद्रप्रयाग जिले के अगस्त…
सदियों से भारत का दृढ़ विश्वास है कि किसी भी विकास, नीति या रणनीति के केंद्र में मानव होना चाहिए…
जंगलों की आग को जल स्त्रोतों, जैवविविधता और पारिस्थितिकी तंत्र के लिए सबसे बड़ा खतरा बताया पर्वतीय इलाकों के जंगलों…
एसएसजेयू में हरेला पीठ व हिंदी एवं अन्य भारतीय भाषा विभाग ने एक दिवसीय ‘हरेला एवं पर्यावरण संरक्षण’ संगोष्ठी का…
इससे सेक्शनल क्षमता बढ़ाने और इलेक्ट्रिक लोकोमोटिव के संचालन और रखरखाव की लागत को कम करने में मदद मिलेगी उत्तराखंड।…
जानवरों के साथ अत्याचार की खबरें अक्सर देखने को मिलती रहती हैं। अब देहरादून में ढाई महीने के पालतू कुत्ते…
जीबी पंत नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ हिमालयन पर्यावरण, अल्मोड़ा संस्थान के निदेशक प्रो0 सुनील नौटियाल व वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ0 जे0 सी0…
कृषि कीटों से फसलों की रक्षा के लिए मकड़ियों के झुंड का उपयोग करना पर्यावरण के अनुकूल हो सकता है।…
कुल्लू जिला में तेजी से हो रहे जलवायु परिवर्तन के कारणों और निवारण पर संस्थान के कार्यो की कुल्लू जिलाधीश…
भारत में वाहनों के लगातार बढ़ने से शहरों में कबाड़ और प्रदूषण बढ़ता जा रहा है। इसी के मद्देनजर नैनीताल…