बंद पड़ी पॉलिसी को पुनर्जीवित करने के नाम पर धोखाधड़ी करने वाले गिरोह का एक सदस्य गिरफ्तार
देहरादून के साइबर थाने और स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए बजाज एलायंस की बंद पड़ी पॉलिसी को पुनर्जीवित करने के नाम पर धोखाधड़ी करने वाले गिरोह के एक सदस्य को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी IRDAI, NPCI और बीमा लोकपाल जैसे सरकारी संस्थानों का नाम लेकर लोगों को लाखों रुपये का चूना लगा रहा था।
जोशीमठ चमोली निवासी एक व्यक्ति ने साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई थी कि उसके द्वारा बंद कर दी गई पॉलिसी को पुनर्जीवित करने के नाम पर एक अज्ञात व्यक्ति ने उसे कॉल किया और IRDAI के अधिकारी बनकर पैसे वापस करने का झांसा दिया। इस दौरान आरोपी ने शिकायतकर्ता से 24 लाख रुपये से अधिक की ठगी कर ली।
शिकायत मिलने पर पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए एक विशेष टीम का गठन किया। टीम ने तकनीकी जांच के आधार पर आरोपी का पता दिल्ली, उत्तर प्रदेश और नोएडा में लगाया। इसके बाद पुलिस ने दिल्ली से आरोपी मनोज जायसवाल को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के पास से कई मोबाइल फोन, सिम कार्ड और अन्य दस्तावेज बरामद किए हैं।
कैसे करता था धोखाधड़ी?
आरोपी और उसके साथी एक कॉल सेंटर के माध्यम से उन लोगों को टारगेट करते थे जिन्होंने अपनी पॉलिसी बंद कर दी थी। वे खुद को IRDAI, NPCI या बीमा लोकपाल का अधिकारी बताकर लोगों को पैसे वापस करने का झांसा देते थे और फिर उनके बैंक खाते से पैसे निकाल लेते थे।
क्या कहना है पुलिस का?
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एसटीएफ, श्री नवनीत सिंह ने बताया कि साइबर अपराधी आए दिन नए-नए तरीकों से लोगों को ठग रहे हैं। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी तरह के ऑनलाइन ऑफर या संदिग्ध कॉल पर विश्वास न करें। उन्होंने कहा कि अगर किसी को भी इस तरह का कोई संदेश या कॉल आता है तो वह तुरंत पुलिस या साइबर क्राइम हेल्पलाइन पर संपर्क करें।
This post was published on 12/12/2024 11:05 AM